साहित्य

कम्यूनार्ड का संकल्प -बर्टोल्ट ब्रेख्त

यह समझना कि यह हमारी कमजोरी है यह आपको अपने कानूनों को पारित करने में सक्षम बनाता है हम भविष्य में नम्रता को त्यागने का संकल्प करते हैं और यहां का कानून हमारे कारण को सही ठहराएगा यह जानकर कि आपने ह

बुलडोजर -हूबनाथ

(बीते दिनों कानुपर देहात में योगी सरकार का बुलडोजर एक बार फिर गरजा। इस बार कब्जा हटाने के नाम पर निर्दोष मां-बेटी को लील गया। योगी का बुलडोजर न्याय ऐसा ही है।- सम्पादक)

सिर्फ़

पुस्तक समीक्षा : ‘‘फैक्टरी जापानी प्रतिरोध हिन्दुस्तानी’’

यह किताब मारुति सुजुकी के मजदूरों के संघर्ष का एक जीवंत दस्तावेज है। यह किताब उनके संघर्षों का ही नहीं बल्कि उनके साथ हुए अन्याय व अत्याचार का भी दस्तावेज है। इसके साथ यह भारतीय न्याय (अन्याय) व्यवस्था और पुलिस की जांच व कार्यप्रणाली का भी जीवंत दस्तावेज है। यह किताब मजदूरों के कठिन जीवन का ही नहीं बल्कि कैसे उनके बेहतर जीवन के ख्वाब और प्रयास धूल धूसरित हो जाते हैं का भी एक दस्तावेज है।

कसीदा इंक़लाबी के लिए -बर्ताेल्त ब्रेख्त अनुवाद: उज्ज्वल भट्टाचार्य

बहुतेरे बहुत अधिक हुआ करते हैं

वे गायब हो जाएं, बेहतर होगा।

लेकिन वह ग़ायब हो जाये,

तो उसकी कमी खलती है।

 

वह संगठित करता है अपना संघर्ष

मजूरी, चाय-पानी

आलेख

/punjivadi-jantantra-and-chunavi-corruption

अठारहवीं सदी के इंग्लैण्ड में होने वाले चुनावी भ्रष्टाचार पर गूगल से ‘सर्च’ करने पर उसका ए आई स्वतः ही यह जवाब हाजिर कर देता हैः 

/election-aayog-hindu-fascist-and-loktantra

एस.आई.आर. प्रक्रिया के दौरान बड़े पैमाने पर मतदाताओं की कटौती की गई। अब तक 13 करोड़ से ज्यादा मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटा दिए गए। जबकि 5-6 करोड़ लोगों को संदेह की आड़ में नोटिस भेजे गए। 13 करोड़ में से 70 प्रतिशत वो लोग थे जिन्हें स्थानांतरित या अनुपस्थित बता दिया गया। इस तरह बड़े स्तर पर मनमानी छंटनी की जा रही है। इसमें सबसे बड़ी संख्या अल्पसंख्यक, दलित, आदिवासी, महिलाओं और मलिन बस्तियों में रहने वालों की है।

/uddharak-ideology-ki-talaas

इस मजदूर आंदोलन की विचारधारा मार्क्सवाद का यह स्पष्ट कहना था कि महान फ्रांसीसी क्रांति के जमाने से ही पूंजीपति वर्ग ने अपने समाज के लिए जो आदर्श घोषित कर रखा है- स्वतंत्रता, समता, बंधुत्व का आदर्श- वह पूंजीवाद की निजी सम्पत्ति के कारण कभी भी हासिल नहीं किया जा सकता। पूंजी के रूप में निजी सम्पत्ति के रहते स्वतंत्रता का मतलब होगा बाजार में खरीद-बेच की स्वतंत्रता, समता का मतलब होगा बाजार में खरीददार व विक्रेता की समता तथा बंधुत्व का मतलब होगा खरीद-बेच की व्यवस्था पर सहमति।

/war-and-diplomacy-uthal-puthal-se-bhari-duniyaa

गाजापट्टी में इजरायल की कत्लेआम करने की मुहिम जारी है। इजरायली यहूदी नस्लवादी न तो किसी समझौते को मान रहे हैं और न ही वे अपनी विनाश लीला को रोक रहे हैं। वे नस्लीय सफाये की मुहिम चला रहे हैं। इसके जवाब में हमास और अन्य प्रतिरोध संगठन इजरायली कब्जाकारी सेना पर प्रहार कर रहे हैं। 

/amerika-ka-iran-par-operation-d-day-hatasha-ka-parinam

अपने व्यापक नुकसान को देखते हुए अमरीकी साम्राज्यवादियों ने अप्रैल महीने में युद्ध विराम किया और फिर पाकिस्तान की मध्यस्थता में एक ज्ञापन समझौता किया। इस ज्ञापन समझौते में अधिकांशतः ईरान की मांगें स्वीकार की गयीं। यह वस्तुतः अमरीका की पराजय थी। इस समझौते के थोड़े ही दिनों बाद अमरीका ने इसका उल्लंघन शुरू कर दिया। इजरायल ने एक भी दिन इस समझौते को नहीं माना।