रिपोर्ट

जंगली जानवरों के आतंक के विरुद्ध संघर्ष

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रामनगर (नैनीताल)/ 2 फरवरी को संयुक्त संघर्ष समिति द्वारा आयोजित महापंचायत में जंगली जानवरों से सुरक्षा में लापरवाही बरतने वाले कार्बेट रिजर्व के अधिकारिय

अवैध वसूली, निकाला-बैठाली, के खिलाफ सुरक्षा गार्डों का संघर्ष

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पंतनगर/ दिनांक 4 मार्च 2025 को विश्वविद्यालय पंतनगर में वर्षों से कार्यरत सैकड़ों सुरक्षा गार्डों द्वारा अवैध वसूली, निकाला-बैठाली, भेदभाव, उत्पीड़न के खिलाफ प्रशासनिक भवन पर विरोध प

दिल्ली भगदड़ और रेल मंत्रालय

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कुंभ को लेकर नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर इकट्ठा भीड़ में मची भगदड़ में ढेरों लोग मारे गये। इससे कुछ दिन पहले इलाहाबाद में कुंभ स्थल  व कुछेक अन्य जगहों पर मची भगदड़ में ढेरों

चन्द्रशेखर आजाद के शहादत दिवस पर विभिन्न कार्यक्रम

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27 फरवरी 2025 को अमर शहीद चन्द्रशेखर आजाद के शहादत दिवस के अवसर पर इमके, प्रमएके, पछास व क्रालोस ने मिलकर विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया और आजाद के दिखाये रास्ते पर चलने का संकल्प लिया।

मारुति मजदूरों के दमन का प्रतिरोध

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गुरुग्राम/ 31 जनवरी को सैकड़ों श्रमिक सुबह डीसी कार्यालय पर शांतिपूर्वक एकत्र हुए थे। वे मारुति सुजुकी अस्थायी मजदूर संघ की समिति के सदस्यों, श्रम अधिकारि

हिन्दू फासीवाद विरोधी अभियान

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इंकलाबी मजदूर केन्द्र, परिवर्तनकामी छात्र संगठन, क्रांतिकारी लोक अधिकार संगठन व प्रगतिशील महिला एकता केन्द्र फरवरी माहर में संयुक्त रूप से हिन्दू फासीवाद के खिलाफ अभियान

ट्रेड यूनियनों की कार्यशाला सम्पन्न

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हरिद्वार/ दिनांक 26 जनवरी 2025 को ‘बढ़ते फासीवादी हमले तथा ट्रेड यूनियन के समक्ष चुनौतियां’ विषय पर हरिद्वार में ट्रेड यूनियनों की कार्यशाला इंकलाबी मजदूर

मारुति के संघर्षरत मजदूरों का दमन

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गुड़गांव/ दिनांक 29 जनवरी 2025 को गुड़गांव पुलिस ने 144 दिनों से मानेसर में धरना दे रहे मारुति के बर्खास्त मजदूरों को दोपहर डिटेन कर बसों में भर कर मानेसर

आलेख

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अठारहवीं सदी के इंग्लैण्ड में होने वाले चुनावी भ्रष्टाचार पर गूगल से ‘सर्च’ करने पर उसका ए आई स्वतः ही यह जवाब हाजिर कर देता हैः 

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एस.आई.आर. प्रक्रिया के दौरान बड़े पैमाने पर मतदाताओं की कटौती की गई। अब तक 13 करोड़ से ज्यादा मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटा दिए गए। जबकि 5-6 करोड़ लोगों को संदेह की आड़ में नोटिस भेजे गए। 13 करोड़ में से 70 प्रतिशत वो लोग थे जिन्हें स्थानांतरित या अनुपस्थित बता दिया गया। इस तरह बड़े स्तर पर मनमानी छंटनी की जा रही है। इसमें सबसे बड़ी संख्या अल्पसंख्यक, दलित, आदिवासी, महिलाओं और मलिन बस्तियों में रहने वालों की है।

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इस मजदूर आंदोलन की विचारधारा मार्क्सवाद का यह स्पष्ट कहना था कि महान फ्रांसीसी क्रांति के जमाने से ही पूंजीपति वर्ग ने अपने समाज के लिए जो आदर्श घोषित कर रखा है- स्वतंत्रता, समता, बंधुत्व का आदर्श- वह पूंजीवाद की निजी सम्पत्ति के कारण कभी भी हासिल नहीं किया जा सकता। पूंजी के रूप में निजी सम्पत्ति के रहते स्वतंत्रता का मतलब होगा बाजार में खरीद-बेच की स्वतंत्रता, समता का मतलब होगा बाजार में खरीददार व विक्रेता की समता तथा बंधुत्व का मतलब होगा खरीद-बेच की व्यवस्था पर सहमति।

/war-and-diplomacy-uthal-puthal-se-bhari-duniyaa

गाजापट्टी में इजरायल की कत्लेआम करने की मुहिम जारी है। इजरायली यहूदी नस्लवादी न तो किसी समझौते को मान रहे हैं और न ही वे अपनी विनाश लीला को रोक रहे हैं। वे नस्लीय सफाये की मुहिम चला रहे हैं। इसके जवाब में हमास और अन्य प्रतिरोध संगठन इजरायली कब्जाकारी सेना पर प्रहार कर रहे हैं। 

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अपने व्यापक नुकसान को देखते हुए अमरीकी साम्राज्यवादियों ने अप्रैल महीने में युद्ध विराम किया और फिर पाकिस्तान की मध्यस्थता में एक ज्ञापन समझौता किया। इस ज्ञापन समझौते में अधिकांशतः ईरान की मांगें स्वीकार की गयीं। यह वस्तुतः अमरीका की पराजय थी। इस समझौते के थोड़े ही दिनों बाद अमरीका ने इसका उल्लंघन शुरू कर दिया। इजरायल ने एक भी दिन इस समझौते को नहीं माना।