केन्याः प्रदर्शनों में पुलिस द्वारा 16 लोगों की हत्या
केन्या में ऐतिहासिक वित्त विधेयक विरोधी प्रदर्शनों की पहली वर्षगांठ के अवसर पर पूरे देश में जगह-जगह 25 जून को प्रदर्शन आयोजित किये गये, जिसमें पुलिस और प्रदर्शनकारियों के
केन्या में ऐतिहासिक वित्त विधेयक विरोधी प्रदर्शनों की पहली वर्षगांठ के अवसर पर पूरे देश में जगह-जगह 25 जून को प्रदर्शन आयोजित किये गये, जिसमें पुलिस और प्रदर्शनकारियों के
आजकल स्पेन में हजारों धातु मजदूर आंदोलनरत हैं। कहीं धातु मजदूर हड़ताल पर हैं तो कहीं हड़ताल पर जाने की तैयारी कर रहे हैं। धातु मजदूरों की यूनियन मजदूरों के संघर्ष को रोकने,
हल्द्वानी/ बनभूलपुरा बस्ती को रेलवे द्वारा अतिक्रमण बताए जाने के विरोध में कई स्तर पर संघर्ष चलता रहा है। इसमें ही बस्ती बचाओ संघर्ष समिति के जरिये इसे स
ब्रिटेन की गारमेंट कम्पनी नेक्स्ट ने श्रीलंका में स्थित एक प्लांट को बंद करने का फैसला किया है। इस प्लांट के बंद होने से लगभग 1500 मज़दूर बेरोजगार हो जाएंगे। यह प्लांट कटु
हरिद्वार/ पतंजलि फेस-1 तथा पतंजलि फेस-2 हरिद्वार-रुड़की राष्ट्रीय राज्य मार्ग पर स्थित है। आचार्य कुलम, वाल्मीकि आश्रम, यूनिवर्सिटी, कन्या गुरुकुलम, वानप्
हरिद्वार/ सिडकुल में एंकर पैनासोनिक कंपनी के लगभग 4000 से अधिक स्थायी एवं अस्थायी मजदूरों ने अपनी हड़ताल को एक हफ्ते के बाद आश्वासन पर समाप्त कर दिया। हरि
पनामा के श्रमिक बीते 3 सप्ताह से अधिक समय से संघर्षरत हैं। समय के साथ श्रमिकों के नये समूह संघर्ष में शामिल होकर संघर्ष को व्यापक बनाते जा रहे हैं। श्रमिक सामाजिक सुरक्षा
अठारहवीं सदी के इंग्लैण्ड में होने वाले चुनावी भ्रष्टाचार पर गूगल से ‘सर्च’ करने पर उसका ए आई स्वतः ही यह जवाब हाजिर कर देता हैः
एस.आई.आर. प्रक्रिया के दौरान बड़े पैमाने पर मतदाताओं की कटौती की गई। अब तक 13 करोड़ से ज्यादा मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटा दिए गए। जबकि 5-6 करोड़ लोगों को संदेह की आड़ में नोटिस भेजे गए। 13 करोड़ में से 70 प्रतिशत वो लोग थे जिन्हें स्थानांतरित या अनुपस्थित बता दिया गया। इस तरह बड़े स्तर पर मनमानी छंटनी की जा रही है। इसमें सबसे बड़ी संख्या अल्पसंख्यक, दलित, आदिवासी, महिलाओं और मलिन बस्तियों में रहने वालों की है।
इस मजदूर आंदोलन की विचारधारा मार्क्सवाद का यह स्पष्ट कहना था कि महान फ्रांसीसी क्रांति के जमाने से ही पूंजीपति वर्ग ने अपने समाज के लिए जो आदर्श घोषित कर रखा है- स्वतंत्रता, समता, बंधुत्व का आदर्श- वह पूंजीवाद की निजी सम्पत्ति के कारण कभी भी हासिल नहीं किया जा सकता। पूंजी के रूप में निजी सम्पत्ति के रहते स्वतंत्रता का मतलब होगा बाजार में खरीद-बेच की स्वतंत्रता, समता का मतलब होगा बाजार में खरीददार व विक्रेता की समता तथा बंधुत्व का मतलब होगा खरीद-बेच की व्यवस्था पर सहमति।
गाजापट्टी में इजरायल की कत्लेआम करने की मुहिम जारी है। इजरायली यहूदी नस्लवादी न तो किसी समझौते को मान रहे हैं और न ही वे अपनी विनाश लीला को रोक रहे हैं। वे नस्लीय सफाये की मुहिम चला रहे हैं। इसके जवाब में हमास और अन्य प्रतिरोध संगठन इजरायली कब्जाकारी सेना पर प्रहार कर रहे हैं।
अपने व्यापक नुकसान को देखते हुए अमरीकी साम्राज्यवादियों ने अप्रैल महीने में युद्ध विराम किया और फिर पाकिस्तान की मध्यस्थता में एक ज्ञापन समझौता किया। इस ज्ञापन समझौते में अधिकांशतः ईरान की मांगें स्वीकार की गयीं। यह वस्तुतः अमरीका की पराजय थी। इस समझौते के थोड़े ही दिनों बाद अमरीका ने इसका उल्लंघन शुरू कर दिया। इजरायल ने एक भी दिन इस समझौते को नहीं माना।